दतिया की भांडेर तहसील को रेल कनेक्टिविटी से जोड़ने की मांग को लेकर चल रहे ‘रेल लाओ अभियान’ की दूसरी बैठक गुरुवार शाम पोद्दार की बगिया में हुई। इससे पहले पहली बैठक चिरगांव रोड स्थित एनएस मेमोरियल कॉलेज में हुई थी। बैठक में मांग को ज्ञापन और आश्वासन तक सीमित रखने के बजाय व्यापक जनआंदोलन का रूप देने पर चर्चा हुई। 1905-06 के रेलवे गजट को बनाया आधार अभियान से जुड़े लोगों ने करीब 120 साल पुराने 1905-06 के रेलवे गजट में भांडेर-भिंड रेल लाइन के उल्लेख को मांग का प्रमुख आधार बताया। बैठक में तय किया गया कि अब गांव-गांव संपर्क अभियान चलाकर लोगों को जोड़ा जाएगा। इसके लिए एक समिति का गठन भी किया जाएगा। प्रतिनिधिमंडल और आंदोलन की रूपरेखा होगी तय आगामी दिनों में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को ज्ञापन सौंपने के साथ प्रतिनिधिमंडल के जरिए संपर्क किया जाएगा। अभियान को आगे बढ़ाने के लिए आंदोलन की रूपरेखा भी तय की जाएगी। वक्ताओं ने कहा कि भांडेर को रेल कनेक्टिविटी मिलने से व्यापार, कृषि, शिक्षा, रोजगार और आवागमन को बढ़ावा मिल सकता है।
This is a summary. For the full story, refer to the original source. Public of India presents verified citizen-relevant reporting.