गढ़वा। हरितालिका तीज महापर्व को लेकर पिछले एक सप्ताह से ही शहर के बाजारों में महिलाओं की भीड़ देखने को मिल रही थी। जैसे-जैसे तीज का पर्व नजदीक आता गया, बाजारों की रौनक बढ़ती गई। सोमवार को तीज महापर्व के अवसर पर शहर के प्रमुख बाजारों में चारों तरफ चहल-पहल और उत्सवी माहौल देखने को मिला। तीज पूजा से जुड़ी सामग्री की खरीदारी को लेकर बाजार में काफी भीड़ रही। कपड़े, साड़ी, श्रृंगार प्रसाधन, फल, मिठाई, पूजा सामग्री समेत विभिन्न दुकानों पर देर रात तक खरीदारी का सिलसिला चलता रहा। दुकानदारों ने भी पर्व को देखते हुए अपनी दुकानों को आकर्षक ढंग से सजाया था। वहीं शहर के विभिन्न मंदिरों को भी आकर्षक लाइटों से सजाया गया तथा साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा गया। तीज महापर्व को लेकर शहर का माहौल पूरी तरह भक्तिमय नजर आया। बाजारों में खरीदारी के साथ-साथ सड़कों पर लोगों की आवाजाही भी बढ़ गई थी। पर्व की तैयारियों को लेकर महिलाओं में विशेष उत्साह देखा गया। नवविवाहित महिलाओं से लेकर बुजुर्ग व्रतियों तक ने पूरे श्रद्धा और विश्वास के साथ तीज व्रत रखा। महिलाओं ने अपने पति की लंबी आयु, सुख-समृद्धि और दांपत्य जीवन में प्रेम एवं खुशहाली की कामना करते हुए दिनभर निर्जला व्रत रखा। संध्या समय व्रतियों ने विधि-विधान एवं श्रद्धा के साथ भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना की तथा हरितालिका तीज की कथा सुनी। पूजा के दौरान महिलाओं ने पारंपरिक रूप से सोलह श्रृंगार कर माता-पार्वती से अपने सुहाग की रक्षा और परिवार की सुख-शांति की प्रार्थना की। मान्यता के अनुसार तीज व्रत का पारण अगले दिन सूर्योदय के बाद किया जाएगा। पति द्वारा व्रती पत्नी को जल ग्रहण कराने के पश्चात महिलाएं व्रत पूर्ण करेंगी। इसके बाद पति-पत्नी एक साथ प्रसाद ग्रहण कर पर्व की खुशियां साझा करेंगे। तीज व्रत रखने वाली महिलाओं ने कहा कि हरितालिका तीज उनके लिए आस्था, विश्वास और पति-पत्नी के प्रेम का पवित्र पर्व है। इस दिन वे पूरे श्रद्धा भाव से निर्जला व्रत रखकर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं। व्रतियों ने कहा कि उनकी कामना है कि उनके पति दीर्घायु हों, परिवार में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहे तथा दांपत्य जीवन हमेशा प्रेम और खुशियों से भरा रहे। महिलाओं ने कहा कि कठिन निर्जला व्रत के बावजूद पूजा और पर्व को लेकर उनमें उत्साह बना रहता है और अगले दिन पति के हाथों जल ग्रहण करने के बाद ही व्रत पूरा करने की परंपरा उन्हें विशेष आध्यात्मिक आनंद देती है। इस दौरान पूरे जिले में तीज महापर्व को लेकर श्रद्धा, आस्था और पारिवारिक प्रेम का सुंदर संगम देखने को मिला। Blog Site Manager By Global Info Edge
This is a summary. For the full story, refer to the original source. Public of India presents verified citizen-relevant reporting.