जातिगत जनगणना में ओबीसी वर्ग का अलग कॉलम शामिल करने और जातियों की स्पष्ट सूची उपलब्ध कराने की मांग को लेकर कांग्रेस ने सोमवार को प्रदर्शन किया। कांग्रेस पिछड़ा वर्ग विभाग के जिलाध्यक्ष डॉ. शेरपाल सिंह सविता के नेतृत्व में कार्यकर्ता राजा महेंद्र प्रताप सिंह पार्क (तस्वीर महल) से पैदल मार्च करते हुए जिला मुख्यालय पहुंचे। यहां जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार पर ओबीसी वर्ग की आबादी के सही आंकड़े सामने नहीं लाने का आरोप लगाया। जिलाध्यक्ष डॉ. शेरपाल सिंह सविता ने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान ओबीसी वर्ग और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के दबाव में भाजपा सरकार ने 2027 में जातिगत जनगणना कराने की बात कही थी, लेकिन 14 अगस्त 2026 की जनगणना अधिसूचना में ओबीसी का अलग कॉलम नहीं जोड़ा गया। ‘ओपन-एंडेड व्यवस्था से जातियों के आंकड़े बिखरेंगे’ डॉ. सविता ने आरोप लगाया कि जनगणना में जाति की जानकारी दर्ज करने के लिए पहले से सूचीबद्ध जातियों की ड्रॉपडाउन सूची देने के बजाय ओपन-एंडेड तरीका अपनाया गया है। कांग्रेस का कहना है कि इससे एक ही जाति के नाम अलग-अलग तरीके से दर्ज होने की आशंका रहेगी और जातियों के आंकड़े अलग-अलग श्रेणियों में बंट सकते हैं। ‘आबादी के अनुपात में प्रतिनिधित्व जरूरी’ प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जातिगत जनगणना के सही आंकड़े सामने आने के बाद ही ओबीसी वर्ग की वास्तविक आबादी और उसकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति का आकलन किया जा सकता है। कांग्रेस ने मांग की कि जनगणना में ओबीसी का स्पष्ट कॉलम जोड़ा जाए और जातियों के आंकड़ों में एकरूपता बनाए रखने के लिए सूचीबद्ध जातियों की ड्रॉपडाउन व्यवस्था की जाए। कांग्रेस नेताओं ने राष्ट्रपति से इस मांग पर हस्तक्षेप करते हुए उचित कदम उठाने का अनुरोध किया। सैकड़ों कार्यकर्ता रहे मौजूद प्रदर्शन और पैदल मार्च में पप्पू सविता, गुलाम वारिस, सतीश चंद्र गांधी, प्रभात सैनी, गौरव सिंह सविता, विनोद कुमार सेन, देवेंद्र, फूल सिंह, अमरपाल, कमलेश देवी, मिथलेश देवी, अंजू देवी, राधा देवी, अनुराधा वर्मा, कांति देवी, बबिता देवी, अनु देवी, मीना देवी, चांद बानो, शबनम, लाडो, लक्ष्मी देवी, रामवती देवी, जयमाला देवी, रामसिया देवी, अंजू शर्मा, सुशीला देवी, हरिकिशोर, विजय पाल, राहुल वर्मा, विक्की, अभिषेक और होरीलाल समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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