डोडा/जम्मू, छह सितंबर जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में साइबर सुरक्षा, गैरकानूनी गतिविधियों की रोकथाम और सार्वजनिक व्यवस्था बनाए रखने का हवाला देते हुए ‘वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क’ (वीपीएन) के इस्तेमाल पर दो महीने के लिए पूरी तरह रोक लगा दी गई है। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। हाल में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत जारी एक आदेश में डोडा के जिला मजिस्ट्रेट कृष्ण लाल ने कहा कि कुछ व्यक्ति और समूह कथित तौर पर वीपीएन का गलत इस्तेमाल करके कानूनी साइबर प्रतिबंधों को दरकिनार कर रहे हैं और प्रतिबंधित एप्लीकेशन, वेबसाइट व डिजिटल सामग्री तक पहुंच बना रहे हैं। उन्होंने कहा, ऐसी गतिविधियों का इस्तेमाल गैरकानूनी और राष्ट्र विरोधी कृत्यों के लिए किया जा सकता है, जिनमें अशांति फैलाना, भड़काऊ सामग्री का प्रसार करना और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए नुकसानदायक गतिविधियां शामिल हैं। लाल ने बताया कि वीपीएन सेवाओं के दुरुपयोग से सार्वजनिक शांति व राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर खतरे को देखते हुए निवारक उपाय के रूप में तत्काल यह प्रतिबंध लगाया गया है। पांच सितंबर को जारी आदेश में कहा गया है कि यह प्रतिबंध डोडा में काम कर रहे लोगों, संस्थानों, साइबर कैफे, कारोबारी इकाइयों और इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (आईएसपी) पर लागू होगा। हालांकि, उन मामलों में छूट होगी, जहां सरकार ने आधिकारिक आदेशों के जरिए वीपीएन के इस्तेमाल को स्पष्ट रूप से मंजूरी दी है। आदेश में चेतावनी दी गई है कि निर्देशों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानून के संबंधित प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी। डोडा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को आदेश का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।
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